मनोज कुमार के बेटे ने पिता के आखिरी पलों के बारे में की बात, बोले- 'थोड़ी तकलीफ में थे, लेकिन....'
हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता मनोज कुमार, जिन्हें 'भारत का रहने वाला हूं... भारत की बात सुनाता हूं...' जैसे देशभक्ति गानों के लिए जाना जाता है, वह अब हमारे बीच नहीं रहे। एक्टर ने 4 अप्रैल 2025 को 87 साल की उम्र में कोकिलाबेन अस्पताल में अंतिम सांस ली। अब, उनके बेटे कुणाल गोस्वामी ने अपने पिता के निधन के बारे में बात की, साथ ही उनके आखिरी पलों के बारे में भी बताया।
कैसे हुआ मनोज कुमार का निधन?
मनोज कुमार के निधन के बारे में उनके बेटे कुणाल गोस्वामी ने बताया कि वह लंबे समय से बीमार चल रहे थे, लेकिन फिर भी ईश्वर की कृपा से उन्हें ज्यादा तकलीफ नहीं हुई। कुणाल ने न्यूज एजेंसी 'ANI' से बातचीत में बताया, ''नमस्कार जी, मैं कुणाल गोस्वामी। दुर्भाग्यवश मेरे पिता मनोज कुमार जी का देहांत हो गया आज (4 अप्रैल) सुबह 3:30 बजे कोकिलाबेन अंबानी अस्पताल में। वो अस्वस्थ थे काफी टाइम से, लेकिन बड़ी शिद्दत से उन्होंने हर चीज का मुकाबला किया है और भगवान की कृपा है। शिरडी बाबा की दया है कि वह चैन से आराम से इस दुनिया से गए। कल सुबह उनका अंतिम संस्कार होगा। साईं राम।''
अंत समय में थोड़ी तकलीफ में थे मनोज कुमार
कुणाल गोस्वामी ने आगे बताया कि उनके पिता मनोज कुमार कई सालों से बीमार चल रहे थे। उन्होंने कहा, ''वह दो महीने में 88 साल के होने वाले थे और अभी 87 साल में उनका स्वर्गवास हुआ है। वह सबसे बात करते थे। खासकर अपने पोतों से और अपने सबसे छोटे नातियों से... सबसे करते थे। बड़े खुश थे। बस थोड़ी तकलीफ में थे, क्योंकि अस्वस्थ थे और थोड़ा उम्र की वजह से भी तकलीफ में थे।''
बता दें कि मनोज कुमार के परिवार में उनके बाद उनकी पत्नी शशि गोस्वामी और बेटे कुणाल गोस्वामी हैं। कुणाल ने भी अपने पिता की तरह एक्टिंग में करियर बनाने की कोशिश की थी, लेकिन सफलता न मिलने की वजह से उन्होंने बिजनेस की ओर रुख किया। अब, वह कैटरिंग का बिजनेस करते हैं।
मनोज कुमार की यादगार फिल्में
मनोज कुमार को देशभक्ति फिल्मों के लिए जाना जाता है। उन्होंने अपने करियर में एक से बढ़कर एक कई फिल्मों में काम किया है। उनकी कुछ यादगार फिल्मों में 'उपकार', 'पत्थर का सनम', 'रोटी कपड़ा और मकान', 'नील कमल', 'अपने हुए पराए', 'अमानत' और 'देशवासी' शामिल हैं।
फिलहाल, हम भी नम आंखों से दिग्गज अभिनेता को श्रद्धांजलि देते हैं।
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