गर्मी को लेकर मौसम विभाग की चेतावनी, जानें हीटवेव किन लोगों के लिए ज्यादा खतरनाक
अप्रैल का महीना आ चुका है और अब गर्मी अपना असर दिखाना शुरू कर चुकी है। देश के ज्यादातर हिस्सों में दिन का तापमान 40 डिग्री के पार पहुंच चुका है और आने वाले दिनों में ये और बढ़ने की संभावना है। मौसम विभाग ने इस बार हीटवेव (लू) को लेकर चेतावनी जारी की है, जो हमारी सेहत पर भारी असर डाल सकती है। इस गर्मी में हीटवेव की वजह से बहुत सी समस्याएं हो सकती हैं, जो जानलेवा भी साबित हो सकती हैं। तो आइए जानते हैं कि हीटवेव किन लोगों के लिए ज्यादा खतरनाक है और इससे बचने के उपाय क्या हैं।
हीटवेव क्या होती है?
हीटवेव तब होती है जब किसी क्षेत्र में लंबे समय तक अत्यधिक गर्मी बनी रहती है। खासकर तब यह खतरनाक हो जाती है जब वायुदाब और वातावरण में नमी की कमी होती है। इस दौरान तापमान 40 डिग्री सेल्सियस या उससे ज्यादा तक जा सकता है, जो शरीर के लिए खतरनाक हो सकता है। हीटवेव का असर शरीर के तापमान पर पड़ता है, जिससे हीट स्ट्रोक, डिहाइड्रेशन जैसी समस्याएं पैदा हो सकती हैं। कई बार यह स्थिति जानलेवा भी साबित हो सकती है।
हीटवेव से किन लोगों को ज्यादा खतरा है?
1. बच्चे और बुजुर्ग
बच्चे और बुजुर्ग हीटवेव के प्रभाव से जल्दी प्रभावित हो सकते हैं। बच्चों का शरीर गर्मी से जल्दी जलन महसूस करता है और डिहाइड्रेशन का शिकार हो सकता है। वहीं बुजुर्गों के शरीर में तापमान कंट्रोल करने की क्षमता कम हो जाती है, जिससे उन्हें भी हीटवेव से खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में बच्चों और बुजुर्गों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
2. गर्भवती महिलाएं
गर्भवती महिलाओं का शरीर भी हीटवेव के दौरान जल्दी प्रभावित हो सकता है। हीटवेव से न सिर्फ मां की सेहत पर असर पड़ सकता है, बल्कि गर्भ में पल रहे बच्चे की सेहत भी प्रभावित हो सकती है। इसलिए गर्भवती महिलाओं को शरीर को हाइड्रेटेड रखना चाहिए और ज्यादा समय तक बाहर धूप में नहीं रहना चाहिए।
3. बाहर काम करने वाले लोग
जो लोग खेतों में काम करते हैं, सड़क पर मजदूरी करते हैं या खुले स्थानों पर काम करते हैं, उन्हें हीटवेव का खतरा सबसे ज्यादा रहता है। उनकी शारीरिक गतिविधि ज्यादा होती है, जिससे पसीना अधिक निकलता है और शरीर में पानी की कमी हो सकती है। ऐसे में हीट स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है।
4. बीमार लोग
जो लोग पहले से ही बीमार हैं, जैसे दिल की बीमारी, सांस की समस्याएं, या हाई ब्लड प्रेशर जैसी बीमारियां हैं, उन्हें भी हीटवेव के दौरान ज्यादा परेशानी हो सकती है। गर्मी की वजह से उनकी बीमारी और भी बढ़ सकती है और मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
5. आउटडोर खेलों के शौकीन
जो लोग बाहर खेलकूद करते हैं या लंबी दौड़ लगाते हैं, उन्हें भी गर्मी में ज्यादा सावधानी बरतनी चाहिए। अत्यधिक गर्मी में शरीर का तापमान तेजी से बढ़ सकता है, जिससे हीट स्ट्रोक और अन्य स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं।
हीटवेव से बचाव के उपाय
1. पानी पीना है जरूरी
गर्मी के मौसम में शरीर में पानी की कमी हो जाती है, जिससे डिहाइड्रेशन हो सकता है। इसलिए खूब सारा पानी पीना चाहिए। नारियल पानी, खीरा, तरबूज जैसे हाइड्रेटिंग फूड्स का सेवन करें, जो शरीर को ठंडा रखने में मदद करते हैं।
2. धूप से बचें
गर्मी से बचने के लिए धूप में बाहर निकलने से बचें, खासकर उस वक्त जब दिन का तापमान अधिक हो। अगर बाहर जाना जरूरी हो, तो छांव में जाएं, ढीले कपड़े पहनें और सिर को ढककर निकलें।
3. हल्के कपड़े पहनें
गर्मियों में हल्के, सूती और ढीले कपड़े पहनने चाहिए, ताकि हवा शरीर में ठीक से आ-जा सके और शरीर का तापमान नियंत्रित रहे। इससे शरीर को ठंडक मिलती है और गर्मी का असर कम होता है।
4. शारीरिक मेहनत से बचें
गर्मी में शारीरिक मेहनत से बचें। ज्यादा मेहनत करने से शरीर पर दबाव पड़ता है, जिससे गर्मी का असर और बढ़ सकता है। इसलिए इस मौसम में हल्का काम करें और शारीरिक मेहनत से बचें।
5. ठंडक बनाए रखें
हीटवेव के दौरान शरीर का तापमान बहुत ज्यादा बढ़ सकता है। इसे कंट्रोल रखने के लिए ठंडे पानी से नहाएं, एयर कंडीशनर या पंखे का इस्तेमाल करें और ठंडी चीजें खाएं, जैसे आइसक्रीम या ताजे फल।
ये भी पढ़ें:जापान में आने वाला है ‘महाभूकंप’, एक झटके में जा सकती है लाखों लोगों की जान, डूब सकते हैं कई शहर!